एसआरआई स्कूल कुम्हारी में आयोजित साइंस एंड आर्ट्स एग्जिबिशन में स्टूडेंट्स ने दिखाई अपनी रचनात्मक प्रतिभा।

दुर्ग,

कुम्हारी स्थित एसआरआई स्कूल कुम्हारी में आज विज्ञान एवं कला प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। जिसमें कक्षा 1 से लेकर कक्षा 10 वीं तक के स्टूडेंट्स ने हिस्सा लिया। विज्ञान एवं कला प्रदर्शनी में बच्चों ने अपनी रचनात्मक प्रतिभा को मॉडल्स के जरिये दिखाया।

स्टूडेंट्स के बनाए हुए मॉडल्स और प्रोजेक्ट्स को इस प्रदर्शनी में रखा गया था। एसआरआई स्कूल के डायरेक्टर डॉ. अनिल शर्मा ने एक-एक स्टॉल पर जाकर हर मॉडल और प्रोजेक्ट को बड़ी ही बारीकी से देखा। उनके साथ श्री रावतपुरा सरकार इंस्टीट्यूट कुम्हारी के निदेशक एम.के. श्रीवास्तव भी मौजूद रहे।

एसआरआई स्कूल कुम्हारी की प्रिंसिपल डॉ. प्रीति गुरनानी ने बच्चों के बनाए हुए मॉडल्स और उनकी क्रिएटिविटी की जमकर तारीफ की। डॉ. गुरनानी ने कहा कि अपनी कल्पना और विचारों को जिस तरह से बच्चों ने मॉडल्स के जरिये यहां दिखाया है।

वो असल में उनके अंदर के कलाकार, वैज्ञानिक और विचारक को व्यक्त करता है। बड़े होकर इन्हीं बच्चों की ये क्रिएटिविटी किसी बड़े आविष्कार का रूप भी ले सकती है।

इस अवसर पर एसआरआईपी की प्रिंसिपिल डॉ. चंचलदीप कौर, एमटीसीएन की प्रिंसिपल के. दीपा, रजिस्ट्रार विजय सगोरिया और अन्य शिक्षक एवं आगंतुक मौजूद रहे।

सभी ने छात्रों के हुनर और उनके अंदर छिपी प्रतिभा की खूब तारीफ की। कलाकारों ने अपने विचारों को व्यक्त करने के लिए विभिन्न प्रकार की तकनीकों, रूपों और माध्यमों का उपयोग किया।

कला के मॉडल भी सुंदर तरीके से प्रदर्शित किए गए थे। छात्रों की रचनात्मकता और कला में उनकी रुचि को आगंतुकों द्वारा सराहा गया।

एसआरआई स्कूल कुम्हारी के बच्चों ने जीव विज्ञान, रसायन विज्ञान, भौतिक विज्ञान, कंप्यूटर, S.St, अंग्रेजी, हिंदी और गणित के विषयों पर आधारित मॉडल बनाकर प्रदर्शनी में रखे थे। पंप से हवा भरकर उड़ने वाले हवाई जहाज का मॉडल हर किसी को पसंद आया।

स्कूल के डायरेक्टर डॉ. अनिल शर्मा ने साइंस एंड आर्ट्स एग्जीबिशन को एक मजेदार अनुभव बताया। उन्होंने कहा कि हर बच्चे के अंदर आइंसटाइन, प्लेटो, अरस्तू, पाइथागोरस और रामानुजन छिपा हुआ है, जरूरत है उनकी प्रतिभा को सही प्लेटफॉर्म मुहैया कराने की। एक बार बच्चों को सही मंच मिल जाए तो वो सही दिशा पकड़ लेते हैँ।

साइंस एंड आर्ट्स एग्जीबिशन के सफल आयोजन पर एसआरआई स्कूल के वाइस चेयरमैन डॉ. जे.के. उपाध्याय एवं निदेशक पी.सी. मिश्रा ने कहा कि एसआरआई स्कूल के सभी शाखाओं में किताबी ज्ञान से ज्यादा प्रैक्टिकल वर्क पर विशेष जोर दिया जाता है।

सिर्फ कोर्स पूरा कराने और किताबों को रटा देने की लीक से हटकर एसआरआई स्कूल के टीचर एक्टिविटी बेस्ड एजूकेशन प्रदान करने में विश्वास रखते हैँ। यही वजह है कि एसआरआई स्कूल प्रदेश के दूसरे पब्लिक स्कूलों से अलग स्थान रखते हैं।

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